कविता लिखना इतना सरल होता तो
सब तुलसीदास बन जाते
कविता लिखना इतना कठिन होता तो
कोई तुलसीदास नहीं बन पाता
कविता अगर केवल मनोभाव होती तो
सारी स्त्रियां कवयित्री बन जातीं
कविता अगर सौंदर्यवान होेती तो
कोई कुरूप नजर नहीं आता
कविता अगर कविता होती तो
कविता की महत्ता नहीं होती
डॉ. भानु प्रताप सिंह
सब तुलसीदास बन जाते
कविता लिखना इतना कठिन होता तो
कोई तुलसीदास नहीं बन पाता
कविता अगर केवल मनोभाव होती तो
सारी स्त्रियां कवयित्री बन जातीं
कविता अगर सौंदर्यवान होेती तो
कोई कुरूप नजर नहीं आता
कविता अगर कविता होती तो
कविता की महत्ता नहीं होती
डॉ. भानु प्रताप सिंह
बहुत खूब! बन गयी कविता
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